छत्तीसगढ़ का बजट 2026-27 : ‘विकसित छत्तीसगढ़’ का रोडमैप₹1.72 लाख करोड़ का संतुलित बजट ‘संकल्प से सिद्धि’ की ओर बड़ा कदम – मनीष मित्तल

WhatsApp Image 2026-01-01 at 11.39.23
IMG-20260101-WA0034
WhatsApp Image 2026-01-01 at 11.39.24



छत्तीसगढ़ चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज की लैलूंगा इकाई अध्यक्ष एवं भाजपा आर्थिक प्रकोष्ठ जिला सह संयोजक श्री मनीष मित्तल ने छत्तीसगढ़ विधानसभा में प्रस्तुत वित्तीय वर्ष 2026-27 के ₹1.72 लाख करोड़ के बजट का स्वागत करते हुए इसे राज्य की 3 करोड़ जनता, विशेषकर उद्योग एवं व्यापार जगत की आकांक्षाओं का प्रतिबिंब बताया है। उन्होंने कहा कि यह दूरदर्शी एवं संतुलित बजट “संकल्प से सिद्धि” की भावना के साथ विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण का सशक्त रोडमैप प्रस्तुत करता है।
प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय एवं वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी द्वारा प्रस्तुत इस बजट को श्री मित्तल ने सुशासन, पारदर्शिता, निवेश प्रोत्साहन एवं औद्योगिक विकास की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया। उन्होंने कहा कि यह बजट माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित भारत @2047’ विजन से प्रेरित होकर छत्तीसगढ़ को नई औद्योगिक ऊंचाइयों तक ले जाने की क्षमता रखता है।

img-20260125-wa01098431686927677682587.jpg
img-20260125-wa01154737545638344431323.jpg
img-20260125-wa01105830235740840303604.jpg
img-20260125-wa01198538136506824005014.jpg
img-20260125-wa0113159690223409279980.jpg
img-20260125-wa01171508167380048749616.jpg



उद्योग एवं व्यापार के लिए महत्वपूर्ण प्रावधान-

श्री मनीष मित्तल ने उद्योग एवं व्यापार से जुड़े प्रावधानों का स्वागत करते हुए कहा कि—

-बस्तर चेंबर ऑफ कॉमर्स को नया भवन प्रदान करने का निर्णय व्यापारिक गतिविधियों को नई ऊर्जा देगा।

-राज्य में 23 नए औद्योगिक पार्कों की स्थापना हेतु ₹250 करोड़ का प्रावधान निवेश, उत्पादन क्षमता एवं व्यापक रोजगार सृजन को गति देगा।

-उद्योगों का बजट ₹248 करोड़ से बढ़ाकर ₹775 करोड़ (लगभग तीन गुना वृद्धि) किया जाना सरकार की औद्योगिक विकास के प्रति प्रतिबद्धता दर्शाता है।

-लैंड बैंक विकास योजना हेतु ₹200 करोड़ का प्रावधान उद्योगों के लिए भूमि उपलब्धता सुनिश्चित कर निवेश प्रक्रिया को सरल एवं पारदर्शी बनाएगा।

img-20260125-wa01146577974547942263212.jpg
img-20260125-wa01167203971350175999037.jpg
img-20260125-wa01085750830231150871848.jpg
img-20260125-wa01111856863020871238068.jpg
img-20260125-wa0112196052892326110188.jpg
img-20260125-wa01181973707968668856684.jpg



-बस्तर एवं सरगुजा अंचल में खाद्य, एग्रो-फॉरेस्ट्री एवं कृषि आधारित उद्योगों के प्रोत्साहन हेतु ₹100 करोड़ का प्रावधान क्षेत्रीय संतुलित विकास को मजबूती देगा।

-इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर 2.0 हेतु ₹10 करोड़ का प्रावधान राज्य को तकनीक आधारित विनिर्माण हब बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

-राज्य में निर्मित हस्तशिल्प उत्पादों को बढ़ावा देने हेतु 5 प्रमुख हवाई अड्डों पर हैंडीक्राफ्ट शो-रूम की स्थापना स्थानीय कारीगरों को वैश्विक बाजार से जोड़ेगी।

युवा, स्टार्टअप एवं तकनीकी विकास-

-मुख्यमंत्री एआई मिशन के माध्यम से युवाओं के कौशल विकास, एआई आधारित स्टार्टअप्स को प्रोत्साहन तथा प्रशासन, कृषि, स्वास्थ्य एवं उद्योग क्षेत्रों में आधुनिक तकनीक के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा।

-मुख्यमंत्री स्टार्टअप एवं NIPUN मिशन के अंतर्गत आगामी 5 वर्षों तक प्रतिवर्ष न्यूनतम ₹100-100 करोड़ का प्रावधान युवाओं को जॉब-सीकर से जॉब-क्रिएटर बनाने की दिशा में ऐतिहासिक पहल है।

निवेश एवं समग्र विकास-

-औद्योगिक इकाइयों हेतु ₹750 करोड़ की पूंजी निवेश सब्सिडी।

-प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना हेतु ₹14 करोड़

-पर्यटन विकास मिशन अंतर्गत थीम आधारित सर्किट, मेले, उत्सव, होम-स्टे एवं स्थानीय हस्तशिल्प को प्रोत्साहन

अंत में श्री मनीष मित्तल ने विश्वास व्यक्त किया कि यह बजट उद्योग, व्यापार, कृषि, पर्यटन एवं सेवा क्षेत्र को समान रूप से सशक्त करते हुए छत्तीसगढ़ को निवेश, नवाचार एवं रोजगार का अग्रणी केंद्र बनाएगा तथा विकसित एवं आत्मनिर्भर राज्य के रूप में स्थापित करने की दिशा में मील का पत्थर सिद्ध होगा।

छत्तीसगढ़ चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज की लैलूंगा इकाई इस जनकल्याणकारी एवं व्यापार-हितैषी बजट के लिए राज्य सरकार की सराहना करती है।

img-20260120-wa00148251393505523880422.jpg
img-20260120-wa00154731996078611841486.jpg
img-20260120-wa00125328766718222063132.jpg
img-20260120-wa00134515977484559372894.jpg