
सुरंगपानी। ग्राम सुरंगपानी में अंतरराष्ट्रीय सहकारिता दिवस बड़े ही उत्साह, गरिमा एवं जनभागीदारी के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, किसानों एवं ग्रामीणों ने बड़ी संख्या में भाग लेकर सहकारिता के महत्व को समझा और इसे ग्रामीण विकास की मजबूत नींव बताया। पूरे आयोजन के दौरान सहयोग, एकता और आत्मनिर्भरता का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि डीडीसी श्रीमती सुरुचि पैंकरा रहीं। उनके साथ सरपंच जयमंगल सिदार, पूर्व डीडीसी श्रीमती रत्ना पैंकरा, बीडीसी श्रीमती रस्मती पैंकरा, मंडल अध्यक्ष जागेश्वर यादव, मंडी प्रबंधक गोविंद यादव तथा मंडल उपाध्यक्ष हेमसागर गुप्ता विशेष रूप से उपस्थित रहे। अतिथियों का ग्रामीणों एवं किसानों द्वारा आत्मीय स्वागत किया गया।
अपने संबोधन में डीडीसी सुरुचि पैंकरा ने कहा कि सहकारिता की भावना समाज को जोड़ने का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि सहकारी समितियों के माध्यम से किसानों को बीज, खाद, ऋण एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं समय पर उपलब्ध होती हैं, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होती है। उन्होंने किसानों से शासन की सहकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ लेने तथा आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाकर अपनी आय बढ़ाने का आह्वान किया।
सरपंच जयमंगल सिदार ने कहा कि ग्राम पंचायत हमेशा किसानों के हितों को प्राथमिकता देती है और सहकारिता के माध्यम से गांव के विकास को नई दिशा देने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने ग्रामीणों से एकजुट होकर गांव के विकास कार्यों में भागीदारी निभाने की अपील की।
पूर्व डीडीसी रत्ना पैंकरा, बीडीसी रस्मती पैंकरा, मंडल अध्यक्ष जागेश्वर यादव, मंडी प्रबंधक गोविंद यादव एवं मंडल उपाध्यक्ष हेमसागर गुप्ता ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि सहकारिता केवल एक संस्था नहीं बल्कि विश्वास, पारदर्शिता और सामूहिक विकास की भावना है। उन्होंने कहा कि जब किसान संगठित होकर कार्य करते हैं तो उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होती है और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति मिलती है।
कार्यक्रम में उपस्थित किसानों को सहकारी समितियों की विभिन्न योजनाओं, कृषि ऋण, उर्वरक वितरण, समर्थन मूल्य पर धान खरीदी तथा शासन द्वारा संचालित किसान हितैषी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। किसानों की समस्याओं और सुझावों को भी गंभीरता से सुना गया तथा उनके समाधान का भरोसा दिलाया गया।
इस अवसर पर ग्राम सुरंगपानी के सभी किसान बंधु भारी संख्या में उपस्थित रहे। किसानों ने सहकारिता की भावना को और अधिक मजबूत बनाने तथा गांव के समग्र विकास में सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के दौरान सहयोग, भाईचारे और सामूहिक प्रयासों के महत्व पर विशेष बल दिया गया।
कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों, किसानों एवं ग्रामीणों का आभार व्यक्त किया गया। अंतरराष्ट्रीय सहकारिता दिवस का यह आयोजन सुरंगपानी में सामाजिक एकता, किसान हित और ग्रामीण विकास के प्रति लोगों की प्रतिबद्धता का प्रतीक बना। उपस्थित लोगों ने विश्वास जताया कि सहकारिता की भावना को अपनाकर गांव और क्षेत्र को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया जा सकता है।
